तेल की कमी और विदेशी मुद्रा के बाहर जाने की वजह से सरकार को बिगड़ती ऊर्जा स्थिति को कंट्रोल करने के लिए लगातार कदम उठाने पड़े हैं। इस नई कोशिश के तहत, सरकार पेट्रोल और डीज़ल का इस्तेमाल कम करने के लिए पूरे देश में 5,000 E100 फ्यूल स्टेशन खोलने की योजना बना रही है। 'द इकोनॉमिक टाइम्स' की एक रिपोर्ट के मुताबिक, ये 5,000 E100 फ्यूल स्टेशन दो साल के अंदर खोले जाने की योजना है। पहले चरण में, पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय दिल्ली, मुंबई, पुणे और नागपुर जैसे शहरों में ऐसे 150 फ्यूल स्टेशन खोलने का लक्ष्य बना रहा है।
अगले 6-12 महीनों में, E100 फ्यूल का इंफ्रास्ट्रक्चर बेंगलुरु, चेन्नई, कोलकाता और हैदराबाद जैसे शहरों तक बढ़ाया जाएगा, साथ ही दिल्ली-NCR और महाराष्ट्र में भी इसका विस्तार किया जाएगा। इस दौरान, E100 फ्यूल के लिए 500 और रिटेल आउटलेट शुरू किए जाएंगे। रिपोर्ट में कहा गया है कि इसके बाद, मध्यम अवधि में, यानी 24 महीनों के अंदर, 5,000 रिटेल आउटलेट काम करने लगेंगे। भारत ने पिछले वित्त वर्ष के दौरान 10.9 लाख करोड़ रुपये का कच्चा तेल इंपोर्ट किया था। सरकार ने हाल ही में देश के सभी फ्यूल आउटलेट से E20 फ्यूल बेचने को अनिवार्य कर दिया था।



















