भोपाल, 23 जून । राजधानी भोपाल एयरपोर्ट पर ऑनलाइन टैक्सी सेवाओं से जुड़े चालकों की आज (मंगलवार) 23 से 25 जून तक प्रस्तावित तीन दिवसीय हड़ताल फिलहाल टल गई है। प्रशासन द्वारा धरना-प्रदर्शन की अनुमति निरस्त किए जाने के बाद भोपाल टैक्सी चालक संघ (भारतीय मजदूर संघ संबद्ध) ने आंदोलन स्थगित करने की घोषणा की है। हालांकि संघ ने स्पष्ट किया है कि मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं होने पर वह दोबारा अनुमति लेकर बड़े स्तर पर आंदोलन करेगा।
संघ के अनुसार एयरपोर्ट स्थित गांधी नगर क्षेत्र में तीन दिवसीय धरना-प्रदर्शन के लिए अनुमति मांगी गई थी, लेकिन प्रशासन और गांधी नगर थाना ने वीवीआईपी मूवमेंट का हवाला देते हुए इसकी अनुमति नहीं दी। इसके बाद संगठन ने फिलहाल अपना आंदोलन स्थगित कर दिया।
‘गरीब ड्राइवरों की आवाज दबाई जा रही’
टैक्सी चालक संघ ने प्रशासन के फैसले पर नाराजगी जताते हुए कहा कि यह गरीब और मेहनतकश ड्राइवरों की आवाज दबाने का प्रयास है। संगठन का कहना है कि वह हमेशा कानून और प्रशासनिक नियमों का पालन करते हुए आंदोलन करता आया है तथा उसका उद्देश्य किसी प्रकार की अव्यवस्था फैलाना नहीं, बल्कि अपने अधिकारों के लिए लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष करना है।
पहले भी सौंप चुके हैं ज्ञापन
संघ के महामंत्री राजेश कुमार नागले ने बताया कि टैक्सी चालक अपनी मांगों को लेकर पहले भी कई बार शासन-प्रशासन का ध्यान आकर्षित कर चुके हैं। 7 फरवरी और 12 जून को बोर्ड ऑफिस चौराहे पर सांकेतिक धरना देकर ज्ञापन सौंपा गया था, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। ऐसे में आंदोलन का रास्ता अपनाना मजबूरी बन गया है।
किराया दरों को लेकर एग्रीगेटर कंपनियों पर आरोप
टैक्सी चालकों का मुख्य मुद्दा सरकार द्वारा निर्धारित किराया दरों को लागू कराना है। संघ का आरोप है कि एग्रीगेटर कंपनियां नियमों का हवाला देकर निर्धारित दरों से भी कम भुगतान कर रही हैं, जिससे चालकों की आय लगातार प्रभावित हो रही है। उनका कहना है कि किराया दरों में सुधार और नियमों का सख्ती से पालन ही समस्या का स्थायी समाधान है।
रोजाना 4,500 से अधिक यात्रियों की आवाजाही
भोपाल एयरपोर्ट से प्रतिदिन बड़ी संख्या में यात्रियों की आवाजाही होती है। अप्रैल 2026 के आंकड़ों के अनुसार एयरपोर्ट से 1.38 लाख से अधिक यात्रियों ने यात्रा की। औसतन प्रतिदिन 4,500 से ज्यादा यात्री यहां से सफर कर रहे हैं। एयरपोर्ट से रोजाना 34 से 36 निर्धारित उड़ानों का संचालन होता है। दिल्ली के लिए सर्वाधिक 6 से 7 उड़ानें संचालित होती हैं, जबकि मुंबई के लिए 4 और बेंगलुरु व हैदराबाद के लिए 2-2 उड़ानें उपलब्ध हैं। इसके अलावा रायपुर, पुणे और अहमदाबाद के लिए भी नियमित उड़ान सेवाएं संचालित की जा रही हैं।
आंदोलन की चेतावनी बरकरार
संघ ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो भविष्य में टैक्सी और ऑटो सेवाओं को लेकर व्यापक आंदोलन किया जाएगा, जिसका असर शहर की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था पर भी पड़ सकता है।



















