भोपाल/नर्मदापुरम/खंडवा/शहडोल, 22 अप्रैल । मध्य प्रदेश के अलग-अलग जिलों में बुधवार को चलती गाड़ियों में आग लगने की घटनाओं ने चिंता बढ़ा दी। हालांकि तीनों मामलों में समय रहते सतर्कता बरतने से जनहानि टल गई, लेकिन वाहन पूरी तरह जलकर खाक हो गए।
नर्मदापुरम में एंबुलेंस में आग, मरीज सुरक्षित
पहला मामला नर्मदापुरम का है। यहां नर्मदापुरम-हरदा स्टेट हाईवे पर सांवलखेड़ा के पास एक निजी एंबुलेंस में अचानक आग लग गई। एंबुलेंस सिवनी मालवा से एक महिला मरीज को ऑक्सीजन सपोर्ट पर नर्मदापुरम ला रही थी। ड्राइवर इसरार ने बताया कि चलते समय अचानक धुआं उठता देख उन्होंने तुरंत वाहन रोका और मरीज को बाहर निकाल लिया। ऑक्सीजन सिलेंडर भी समय रहते हटा लिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया। सूचना मिलते ही डायल 112 पुलिस मौके पर पहुंची और पास के पेट्रोल पंप से फायर एक्सटिंग्विशर लाकर आग पर काबू पाया।
हादसे के दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष प्रीति शुक्ला भी सिवनी मालवा से नर्मदापुरम आ रही थीं। रास्ते में एंबुलेंस को जलता देख उन्होंने तत्काल सीएमएचओ नर्मदापुरम और पुलिस को घटना की सूचना दी। इसके कुछ देर बाद ही 108 एंबुलेंस मौके पर पहुंच गई और ऑक्सीजन सपोर्ट वाली मरीज को लेकर सुरक्षित नर्मदापुरम के लिए रवाना हो गई। डोलरिया थाना प्रभारी प्रवीण चौहान ने बताया कि सूचना मिलते ही डायल 112 और थाना स्टाफ मौके पर पहुंचा। उनके अनुसार मरीज को गाड़ी से उतारा जा चुका था और पुलिस ने तत्काल आग पर काबू पाया। प्रारंभिक जांच में आग का कारण शॉर्ट सर्किट या तकनीकी खराबी माना जा रहा है।
खंडवा में चलती पिकअप बनी आग का गोला
दूसरा मामला खंडवा जिले का है। यहां खंडवा-इंदौर हाईवे पर सुबह करीब 10:30 बजे देशगांव क्षेत्र में भोजाखेड़ी गांव के बाहर बायपास पर एक पिकअप वाहन में अचानक आग लग गई। वाहन खंडवा से इंदौर की ओर जा रहा था। वाहन में सवार लोग इंदौर से फल-फ्रूट लाने जा रहे थे। इसी दौरान चलते वाहन से अचानक धुआं उठने लगा। ड्राइवर शाहुख पुत्र फरीद खान निवासी ग्राम बड़ियांतुला ने धुआं उठते ही तुरंत गाड़ी रोकी और कूदकर अपनी जान बचाई। कुछ ही देर में आग ने विकराल रूप ले लिया और पूरी पिकअप जलकर राख हो गई। पुलिस कंट्रोल रूम से सूचना मिलते ही देशगांव चौकी पुलिस मौके पर पहुंची।
चौकी प्रभारी इंद्रजीत सिंह चौहान ने बताया कि फायर रेस्क्यू वाहन भी मौके पर पहुंचा था, लेकिन तब तक गाड़ी पूरी तरह जल चुकी थी। घटना के समय आसपास कोई मौजूद नहीं था, लेकिन हाईवे पर अन्य वाहन रुकने से जाम की स्थिति बन गई थी, जिसे बाद में पुलिस ने नियंत्रित किया।
शहडोल में स्कॉर्पियो में आग, परिवार सुरक्षित
तीसरे मामले में शहडोल जिले के देवलौंद क्षेत्र में एक चलती स्कॉर्पियो में आग लग गई। वाहन में सवार परिवार रीवा से ब्यौहारी जा रहा था। जैसे ही वाहन देवलौंद नगर पहुंचा, गाड़ी के अंदर धुआं भरने लगा। स्थिति को भांपते हुए वाहन में सवार रोहानी प्रसाद गुप्ता और उनके परिवार ने तुरंत गाड़ी सड़क किनारे रोकी और बाहर निकल गए। देखते ही देखते आग ने पूरी गाड़ी को अपनी चपेट में ले लिया। आग इतनी तेजी से फैली कि परिवार को वाहन में रखा सामान, मोबाइल फोन और अन्य जरूरी चीजें निकालने का मौका नहीं मिला, और वे सभी जलकर खाक हो गए। हालांकि सभी लोग सुरक्षित रहे। घटना के दौरान सड़क से गुजर रहे अन्य वाहन चालकों ने तुरंत डायल 112 और दमकल विभाग को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस और दमकल की टीम मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
शॉर्ट सर्किट की आशंका, गर्मी में बढ़ रहा खतरा
तीनों घटनाओं में प्रारंभिक तौर पर आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट और तकनीकी खराबी मानी जा रही है। विशेषज्ञों के अनुसार, गर्मी के मौसम में वाहनों में ओवरहीटिंग और वायरिंग संबंधी समस्याओं के कारण इस तरह की घटनाएं बढ़ जाती हैं।



















